नागपुर न्यूज डेस्क: नागपुर में 17 मार्च को हुई हिंसा के बाद प्रशासन ने दंगाइयों के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। एक तरफ पुलिस उपद्रवियों को गिरफ्तार कर रही है, तो दूसरी ओर उनके अवैध निर्माणों पर बुलडोजर भी चलाया जा रहा है। हालांकि, इस कार्रवाई को लेकर सरकार पर पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाने के आरोप लग रहे हैं। विपक्ष का कहना है कि प्रशासन एकतरफा कार्रवाई कर रहा है और हिंसा में शामिल सिर्फ एक समुदाय को निशाना बनाया जा रहा है, जबकि दूसरे पक्ष पर कोई सख्त कदम नहीं उठाया गया है।
सरकार पर लगाए जा रहे इन आरोपों पर भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने जवाब दिया है। गुरुवार को नागपुर पहुंचे बावनकुले ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि सरकार किसी धर्म विशेष के खिलाफ नहीं है, बल्कि उन लोगों के खिलाफ है जो भारत में रहकर पाकिस्तान के समर्थन में नारे लगाते हैं। उन्होंने कहा, "हम मुस्लिम विरोधी नहीं हैं, बल्कि उन लोगों के खिलाफ हैं जो पाकिस्तान की जीत के बाद यहां पटाखे फोड़ते हैं और पाकिस्तानी झंडे लहराते हैं।"
बावनकुले ने आगे कहा कि महाराष्ट्र में हिंदू और मुसलमानों के बीच भाईचारा हमेशा से रहा है और इसे बनाए रखना हमारी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा, "यह देश सभी का है, हमारी रक्तरेखा एक है, और हम सबको साथ लेकर चल रहे हैं।" उनके इस बयान के बाद नागपुर हिंसा को लेकर हो रही कार्रवाई पर जारी बहस और तेज हो गई है।